India International Science Festival-2021

विज्ञान का महाकुंभ किसे कहते हैं?

India International Science Festival-2021 will be organized from December 10

नई दिल्ली, 15 नवंबर, 2021:  पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय (एमओईएस) के सचिव डॉ एम. रवि चंद्रन द्वारा बृहस्पतिवार को एक औपचारिक घोषणा के बाद विज्ञान का महाकुंभ कहे जाने वाले इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल (आईआईएसएफ)-2021 (IISF-2021) के आयोजन का बिगुल बज चुका है।

यह आईआईएसएफ का 7वाँ संस्करण होगा, जो कोरोना के प्रकोप को देखते हुए हाइब्रिड (ऑनलाइन एवं ऑफलाइन) रूप में 10-13 दिसंबर, 2021 को गोवा की राजधानी पणजी में आयोजित किया जा रहा है।

एमओईएस के अंतर्गत कार्यरत गोवा स्थित स्वायत्त संस्थान राष्ट्रीय ध्रुवीय एवं महासागर अनुसंधान केंद्र (एनसीपीओआर) आईआईएसएफ-2021 का आयोजन करने वाली नोडल एजेंसी है।

आईआईएसएफ-2021 का आयोजन विज्ञान भारती (विभा) के सहयोग से एमओईएस, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी), जैव प्रौद्योगिकी विभाग (डीबीटी), वैज्ञानिक तथा औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर) द्वारा संयुक्त रूप से किया जा रहा है।

विज्ञान के प्रति युवाओं को आकर्षित करने और विज्ञान को लोकप्रिय बनाने की दिशा में काम करने वाले हितधारकों की नेटवर्किंग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से वर्ष 2015 से प्रत्येक वर्ष आईआईएसएफ का आयोजन किया जाता है। विज्ञान के इस महोत्सव में वैज्ञानिक, प्रौद्योगिकीविद, शोधार्थी, छात्र और नवोन्मेषकों की भागीदारी प्रमुख रूप से होती है।

आईआईएसएफ-2021 की विषयवस्तु ‘समृद्ध भारत के लिए विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं नवाचार में रचनात्मकता का उत्सव’ है। एमओईएस द्वारा इस संबंध में जारी एक वक्तव्य में कहा गया है कि आईआईएसएफ-2021 के सभी कार्यक्रम भारत सरकार के ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ की भावना और विचार को प्रतिबिंबित करेंगे, जिसका उद्देश्य वर्ष 2022 में भारतीय स्वतंत्रता के 75 गौरवशाली वर्षों को चिह्नित करना है।

आईआईएसएफ-2021 के अंतर्गत विशेष आयोजनों में विज्ञान साहित्य महोत्सव, विज्ञान फिल्म महोत्सव, विज्ञान ग्राम महोत्सव, इंजीनियरिंग छात्रों का महोत्सव, पर्यावरण महोत्सव, राष्ट्रीय संस्थानों की बैठक और नये युग की प्रौद्योगिकियों से संबंधित प्रदर्शनी आदि शामिल हैं। इस संबंध में अधिक विवरण आईआईएसएफ-2021 की वेबसाइट पर उपलब्ध है।

आईआईएसएफ-2021 हाइब्रिड रूप में आयोजित किया जा रहा है। इसीलिए, इस आयोजन में वर्चुअल और फिजिकल दोनों रूपों में शामिल हो सकते हैं। इसमें मेगा-साइंस, टेक्नोलॉजी ऐंड इंडस्ट्री एक्सपो सहित कुल बारह कार्यक्रम शामिल होंगे। इन कार्यक्रमों को पाँच श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है। इन श्रेणियों में स्वतंत्रता संग्राम, आइडियाज@75, अचीवमेंट@75, एक्शन@75 और रिजॉल्व्स@75 शामिल है।

भारतीय स्वतंत्रता संग्राम श्रेणी में वैज्ञानिक समुदाय, वैज्ञानिक संस्थानों एवं वैज्ञानिक आंदोलनों के उद्भव एवं उनकी भूमिका को याद किया जाएगा।

आइडियाज@75 वर्ग के अंतर्गत नये भारत के निर्माण से संबंधित नवोन्मेषी विचारों पर पर मंथन किया जाएगा। अचीवमेंट@75 श्रेणी में स्वतंत्रता के भारत की उपलब्धियों पर चर्चा की जाएगी। नये भारत के निर्माण हेतु क्या कार्ययोजना होनी चाहिए, इस पर एक्शन@75 श्रेणी से संबंधित कार्यक्रमों में विमर्श किया जाएगा। इन कार्यक्रमों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल भारत के लिए इंटरनेट ऑफ थिंग्स, राष्ट्रीय शिक्षा नीति, स्वास्थ्य एवं पोषण, स्वच्छ ऊर्जा एवं स्वच्छ वायु, पर्यावरण एवं जलवायु और कौशल विकास जैसे विषय शामिल हैं। वहीं, रिजॉल्व्स@75 से जुड़े आयोजनों में ऊर्जा, स्थानीय भाषाओं में विज्ञान, रक्षा, भोजन, ज्ञान का विस्तार, दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्था एवं विनिर्माण केंद्र के रूप में भारत को स्थापित करना, और आत्मनिर्भरता के लिए विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी से संबंधित विषय शामिल रहेंगे।

(इंडिया साइंस वायर)

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